दो पल की जिन्दगी
भक्ति-सेवा गीत • सदगुरु शरण की महिमा
▶ सदगुरु कृपा से सार्थक हुआ जीवन
गीत के बारे में
“दो पल की जिन्दगी” — यह भक्ति-सेवा गीत हमें स्मरण कराता है कि मानव जीवन क्षणभंगुर है, और इसका सच्चा सार सदगुरु की शरण और भजन-सेवा में ही निहित है।
आस्था और श्रद्धा के साथ श्रवण करें — और हृदय में सदगुरु सत्यनाथ जी की कृपा का अनुभव करें।
“दो पल की जिन्दगी —
एक पल नाम, एक पल सेवा।
सदगुरु शरण ही शाश्वत मार्ग।”
एक पल नाम, एक पल सेवा।
सदगुरु शरण ही शाश्वत मार्ग।”
॥ जय सदगुरु सत्यनाथ ॥ॐ
